Type in Hindi 

Printer Friendly  PDF Share Toolbar  Mobile 
Home > Women > Pregnancy Week 11 | गर्भ का 11 हफ्ता

Pregnancy Week 11 | गर्भ का 11 हफ्ता


1.  बच्चे में बदलाव

  • आपके पेट के बच्चे का कद (Crown rump length) अब लगभग 4 से 6 सेंटीमिटर या 1.75 से 2.5 इंच का हो गया है। अब यह करीब एक पेंसिल बैटरी (1 AA Battery) के साईज़ के बराबर हो गया है।
  • उसका वजन अब करीब 9 ग्राम या 1/3 आउंस का हो गया है। अब यह करीब चार टी बैग या चायपत्ती के पुडिया के वजन के बराबर हो गया है।
  • सभी मुख्य अंग बनने लगते हैं।
  • चेहरा बनना शुरू होता है। आंख के पलक बंद रहते हैं, और यह करीब 27 हफ्ते तक बंद रहता है। कान के बाहरी आकार बन जाता है। नाक, अब उभरने लगते हैं।
  • उसके दिल का धडकन, अब एक डाक्टरी जांच द्वारा किसे डोप्पलर (Doppler) कहते हैं, उससे सुनाई देने लगेगा।
  • उसका सिर, अपने शरीर के आधे लंबाई का होता है। अब सिर के अनुपात में शरीर का विकास अधिक होता है।
  • हड्डी, का निर्माण शुरू हो जाता है।
  • उसके हाथों और पैरों में नाखून, दांत और बाल का बनना का शुरूआत हो जाता है।
  • इसके साथ ही बहुत तेज़ी से दिमाग, अंतड़ी, ग्रंथियां और अन्य अंग बनते हैं, और साथ में काम करने भी लगते हैं।
  • फेफड़ा में सांस के नलियों कि संख्या बड़ने लगता है।
  • नाभि के अंदर अंतड़ी बनने लगता है। अंतड़ी नाभि के अंदर निकलने लगता है। यह पेट में जगह बनाने के लिय होता है।
  • अब बच्चे और मां के युटेरस के बीच में खून बहना शुरू हो सकता है। इससे बच्चे के पोषण देनेवाला पलासेंटा (नाल, Placenta) काम करने लगता है।
  • लड़का या लड़की का जनांग (testes / ovary) बनना चालू हो जाता है। लेकिन, उल्ट्रासाउंड से लड़का या लड़की का भेद नहीं पता चल सकता है। यह करीब 18 से 20 हफ्ता पर चलता है।

विषय सूची

2.  मां में बदलाव

आप के शरीर में भी अनेक बदलाव होने लगते हैं, जो कि आपके गर्भ को पालने के लिय होता है। कुछ बातें इस प्रकार से हो सकती हैं -
  • आपको पेट फूला हुआ लगेगा (Bloating)। साथ ही अपच और बदहजमी (Indigestion) भी हो सकता है। यह आपके पाचन शक्ति को बेहतर करने के लिय होता है।
  • अब मिचली आना और उल्टी होना कम हो जाता है। इसको मोर्निंग सिकनेस (Morning Sickness) कहते हैं, किंतु यह दिन के किसी भी समय हो सकता है। यह 3 में से 1 मां में होता है, और कुछ महिनों तक रहता है।
  • आपके पेशाब के थैली के उपर दवाब देता है, जिससे आपको अधिक पैशाब लगने लगता है। साथ ही आपको अधिक दस्त लगना या फिर कब्जियत हो सकता है।
  • इन सब बदलाव से आपको थकान भी महसूस हो सकता है।
  • आपके होरमोन में बदलाव होने से आपको सिरदर्द हो सकता है।
  • आपके होरमोन में बदलाव होने से आपके मन में बदलाव का उतार-चढाव लगा रहेगा।
  • ये लक्षण हर गर्भ में अलग – अलग तरह से प्रकट होते हैं।

विषय सूची

3.  महत्व

  • फेर्टिलाईजेशन (Fertilization) के बाद के पहले 9 हफ्ते में बच्चे को एमब्रयो (Embryo) कहते हैं। उसके बाद गर्भ में पलते बच्चे को फीटस (Fetus) कहते हैं।
  • एमब्रयो का समय सबसे महत्वपूर्ण और नाजुक होता है। इसमें गड़बड़ी होने पर बच्चे का मृत्यु हो सकता है या एक से अधिक अंग बनना रुक सकते हैं।
  • 10 ह्फ्ता से जन्म तक, फीटस का वजन और लंबाई बढता है। इसमें गड़बड़ी होने पर, जैसे घर में किसी के घुम्रपान से, बच्चे का सही रूप से वजन और लंबाई बढने में रुकावट आ सकता है।

4.  जांच

साप्ताहिक प्रगति

आहार

गर्भ में समस्या

प्लासेंटा संबंधित समस्या

आपका स्वास्थ्य

आपका खाना

प्रसिद्ध विषय

इंटरनेट पर संबंधित जानकारी

खबरें चित्र विडीयो सन्दर्भ लिंक्स
रिसर्च विकिपेडिया

सम्बंधित लिंक्स

This website is certified by Health On the Net Foundation. Click to verify. This site complies with the HONcode standard for trustworthy health information: verify here.

This page was last modified by Ravi Mishra on January 09, 2010, at 01:50 AM EST. Copyright 2008-2010 Nirog.info. All rights reserved.
↑ Top  Home  Search: Terms  About Us  Awards  Valid XHTML  Valid CSS  Login 

Visit our channels at: Amazon  Twitter  Youtube  Scribd